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एक साल के बाद गौतम अदाणी फिर 100 बिलियन डॉलर क्लब में शामिल

अदाणी ग्रुप, जो एक समय 150 बिलियन डॉलर की मार्केट वैल्यू खो चुका था, उसने निवेशकों और लेंडर्स का भरोसा वापस हासिल करने, कर्ज चुकाने और रेगुलेटरी चिंताओं को दूर करने में महीनों बिताए.
NDTV Profit हिंदीNDTV Profit डेस्क
NDTV Profit हिंदी09:03 AM IST, 08 Feb 2024NDTV Profit हिंदी
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गौतम अदाणी (Gautam Adani) को 100 बिलियन डॉलर से ज्यादा की संपत्ति वाले लोगों के विशिष्ट क्लब (elite club) में लौटने में एक साल लग गया.

2023 की शुरुआत में एक शॉर्ट-सेलर के हमले के बाद गौतम अदाणी ने अपनी अधिकांश संपत्ति वापस से हासिल कर लिया है. बुधवार को, गौतम अदाणी की कुल संपत्ति 2.7 बिलियन डॉलर बढ़कर 100.7 बिलियन डॉलर हो गई, जो कि हिंडनबर्ग रिसर्च की रिपोर्ट में लगाए गए आरोपों के बाद सबसे ज्यादा है. इन आरोपों को अदाणी ग्रुप ने हमेशा निराधार और झूठा बताया है.

गौतम अदाणी दुनिया के 12वें सबसे अमीर व्यक्ति

अदाणी ग्रुप की फ्लैगशिप कंपनी अदाणी एंटरप्राइजेज (Adani Enterprises Ltd.) के शेयरों में पिछले हफ्ते नतीजे घोषित करने के बाद, जिसमें कंपनी ने 130% का मुनाफा दर्ज किया था, बुधवार को आठवें दिन तेजी रही. ब्लूमबर्ग बिलियनेयर्स इंडेक्स (Bloomberg Billionaires Index. ) के मुताबिक, गौतम अदाणी अब दुनिया के 12वें सबसे अमीर व्यक्ति हैं, अपने हमवतन मुकेश अंबानी (Mukesh Ambani) से सिर्फ एक पायदान नीचे हैं.

इस महीने की शुरुआत में जहां मुकेश अंबानी की संपत्ति रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गई, वहीं गौतम अदाणी की संपत्ति अब भी 2022 के शिखर से करीब 50 बिलियन डॉलर कम है. शॉर्ट सेलर की रिपोर्ट के बाद के महीने में गौतम अदाणी की संपत्ति में 80 बिलियन डॉलर से ज्यादा की गिरावट आई और ये 37.7 बिलियन डॉलर तक फिसल गई.

अदाणी ग्रुप, जो एक समय 150 बिलियन डॉलर की मार्केट वैल्यू खो चुका था, उसने निवेशकों और लेंडर्स का भरोसा वापस हासिल करने, कर्ज चुकाने और रेगुलेटरी चिंताओं को दूर करने में महीनों बिताए.

निवेशकों का अदाणी ग्रुप पर भरोसा बरकरार

राजीव जैन के GQG पार्टनर्स ने पिछले साल अदाणी ग्रुप की कंपनियों में करीब 4 बिलियन डॉलर का निवेश किया था, जबकि कतर इन्वेस्टमेंट अथॉरिटी (QIA) ने करीब 500 मिलियन डॉलर का निवेश किया था और टोटलएनर्जीज ने अदाणी ग्रीन एनर्जी के साथ एक ज्वाइंट वेंचर पर 300 मिलियन डॉलर का दांव लगाया था.

इस हफ्ते की शुरुआत में, मामले की जानकारी रखने वाले लोगों ने बताया कि अदाणी ग्रीन, हिंडनबर्ग रिपोर्ट के बाद अपने पहले विदेशी इश्यू में डॉलर बॉन्ड के जरिए करीब 500 मिलियन डॉलर जुटाने के लिए बातचीत कर रही है.

सुप्रीम कोर्ट ने जनवरी में मार्केट रेगुलेटर SEBI को तीन महीने के अंदर अपनी जांच पूरी करने का आदेश दिया और कहा कि किसी और जांच की आवश्यकता नहीं है, जिससे अदाणी एंटरप्राइजेज के शेयरों को सपोर्ट मिला.

दुनिया के निवेशकों की नजर भारत पर

गौतम अदाणी की वापसी - और, आम तौर पर, भारत में संपत्ति में हो रही बढ़ोतरी- ऐसा हो रहा है क्योंकि दुनिया भर के निवेशकों का ध्यान तेजी से भारत की ओर गया है, जिससे शेयरों को बढ़ावा देने में मदद मिल रही है. गोल्डमैन सैक्स और मॉर्गन स्टेनली उन बैंकों में से हैं जिन्होंने भारत को अगले दशक के लिए प्रमुख निवेश स्थानों के रूप में अपनी मुहर लगाई है.

61 साल के गौतम अदाणी ने कोयला और पोर्ट्स की ओर रुख करने से पहले 1980 के दशक की शुरुआत में मुंबई के हीरा उद्योग में अपनी किस्मत आजमाने के लिए कॉलेज छोड़ दिया था.

तब से उनका साम्राज्य एयरपोर्ट्स से लेकर डेटा सेंटर्स, मीडिया और ग्रीन एनर्जी तक हर जगह फैल चुका है. जब गौतम अदाणी अपने शीर्ष पर थे, तब उनकी संपत्ति 150 बिलियन डॉलर तक पहुंच गई थी, और वो दुनिया के तीसरे सबसे अमीर शख्स बन गए थे. 2023 में अपनी संपत्ति का एक बड़ा हिस्सा खोने के बाद, गौतम अदाणी ने इस साल 16.4 बिलियन डॉलर वापस हासिल कर लिए हैं.

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